Correct Answer:
Option A - फिनॉल वस्तुत: कार्बनिक यौगिको की एक श्रेणी का नाम है, जिसका प्रथम सदस्य फिनॉल या कार्बोलिक अम्ल है। फिनॉल का आविष्कार सर्वप्रथम ‘रुंगे’ (Runge) द्वारा 1834 में हुआ था। इसका व्यापारिक निर्माण ‘अलकतरा’ अथवा बेंजीन से होता है। शुद्ध कार्बोलिक अम्ल सफेद क्रिस्टलीय ठोस होता है। यह वायु में रखे रहने से पानी का अवशोषण कर द्रव बन जाता है। इससे अनेक ‘जीवाणु नाशक’ ‘कवकनाशक’ ‘खरपतवारनाशक’ एवं अन्य औषधियाँ तैयार की जाती है।
A. फिनॉल वस्तुत: कार्बनिक यौगिको की एक श्रेणी का नाम है, जिसका प्रथम सदस्य फिनॉल या कार्बोलिक अम्ल है। फिनॉल का आविष्कार सर्वप्रथम ‘रुंगे’ (Runge) द्वारा 1834 में हुआ था। इसका व्यापारिक निर्माण ‘अलकतरा’ अथवा बेंजीन से होता है। शुद्ध कार्बोलिक अम्ल सफेद क्रिस्टलीय ठोस होता है। यह वायु में रखे रहने से पानी का अवशोषण कर द्रव बन जाता है। इससे अनेक ‘जीवाणु नाशक’ ‘कवकनाशक’ ‘खरपतवारनाशक’ एवं अन्य औषधियाँ तैयार की जाती है।