Correct Answer:
Option A - गतिज ऊर्जा से ऊष्मा ऊर्जा परिवर्तन में घर्षण बल शामिल होता है। जब किसी वस्तु की सतह पर किसी वस्तु को गति कराने का प्रयास किया जाता है या गति कराया जाता है तो सतह से समान्तर व गति की दिशा के विपरीत एक गति अवरोधक बल कार्य करता है। जिसे घर्षण बल कहते हैं। घर्षण बल तीन प्रकार का होता है-
1. स्थैतिक घर्षण (Static Friction)
2. सर्पी घर्षण (Sliding Friction)
3. लोटनिक घर्षण या रोलिंग घर्षण (Rolling Friction)
A. गतिज ऊर्जा से ऊष्मा ऊर्जा परिवर्तन में घर्षण बल शामिल होता है। जब किसी वस्तु की सतह पर किसी वस्तु को गति कराने का प्रयास किया जाता है या गति कराया जाता है तो सतह से समान्तर व गति की दिशा के विपरीत एक गति अवरोधक बल कार्य करता है। जिसे घर्षण बल कहते हैं। घर्षण बल तीन प्रकार का होता है-
1. स्थैतिक घर्षण (Static Friction)
2. सर्पी घर्षण (Sliding Friction)
3. लोटनिक घर्षण या रोलिंग घर्षण (Rolling Friction)