Correct Answer:
Option D - देश में सूती वस्त्र का प्रथम कारखाना 1818 ई. में कोलकाता के निकट फोर्ट ग्लोस्टर में लगाया गया जो असफल रहा, सूती वस्त्र उद्योग का सफल कारखाना निर्माण 1854 ई. में मुम्बई स्पिरिंग एण्ड वीविंग कम्पनी द्वारा मुम्बई में कवास जी. एन. डाबर द्वारा लगाया गया। देश में अहमदाबाद बृहत्तम सूती वस्त्रोद्योग केन्द्र होने के कारण इसे ‘भारत का मैनचेस्टर’ कहा जाता है। जबकि मुम्बई को भारत का कॉटनोपोलिस कहा जाता है।
नोट– देश में सर्वाधिक सूती वस्त्र की मिलें तमिलनाडु में है, जहाँ देश का 42.2% (सर्वाधिक) कारखाना निर्मित सूती धागे का उत्पादन होता है। कोयम्बटूर को ‘दक्षिण भारत का मैनचेस्टर’ की संज्ञा दी गयी है।
D. देश में सूती वस्त्र का प्रथम कारखाना 1818 ई. में कोलकाता के निकट फोर्ट ग्लोस्टर में लगाया गया जो असफल रहा, सूती वस्त्र उद्योग का सफल कारखाना निर्माण 1854 ई. में मुम्बई स्पिरिंग एण्ड वीविंग कम्पनी द्वारा मुम्बई में कवास जी. एन. डाबर द्वारा लगाया गया। देश में अहमदाबाद बृहत्तम सूती वस्त्रोद्योग केन्द्र होने के कारण इसे ‘भारत का मैनचेस्टर’ कहा जाता है। जबकि मुम्बई को भारत का कॉटनोपोलिस कहा जाता है।
नोट– देश में सर्वाधिक सूती वस्त्र की मिलें तमिलनाडु में है, जहाँ देश का 42.2% (सर्वाधिक) कारखाना निर्मित सूती धागे का उत्पादन होता है। कोयम्बटूर को ‘दक्षिण भारत का मैनचेस्टर’ की संज्ञा दी गयी है।