Correct Answer:
Option A - किसी परमाणु के नाभिक के अन्दर न्यूट्रॉन तथा प्रोटॉन होते हैं एवं इलेक्ट्रॉन नाभिक की बाहर कक्षाओं में चक्कर लगाते रहते हैं। प्रोटॉन धनावेशित कण होते हैं, इलेक्ट्रॉन ऋणावेशित कण होते हैं एवं इलेक्ट्रॉनों का द्रव्यमान नगण्य होता है। जबकि नाभिक के अन्दर स्थित न्यूट्रॉन उदासीन प्रकृति के होते हैं। अत: स्पष्ट है कि इलेक्ट्रॉन नाभिक के बाहर चक्कर लगाते हैं। अत: विकल्प (a) गलत है। इसके अतिरिक्त किसी तत्व की परमाणु संख्या, तत्व के नाभिक में उपस्थित प्रोटॉनों की संख्या के बराबर होती है। रेडियो आइसोटोप का प्रयोग चिकित्सा परमाणु इंधन एवं कार्बन डेटिंग के रूप में किया जाता है।
A. किसी परमाणु के नाभिक के अन्दर न्यूट्रॉन तथा प्रोटॉन होते हैं एवं इलेक्ट्रॉन नाभिक की बाहर कक्षाओं में चक्कर लगाते रहते हैं। प्रोटॉन धनावेशित कण होते हैं, इलेक्ट्रॉन ऋणावेशित कण होते हैं एवं इलेक्ट्रॉनों का द्रव्यमान नगण्य होता है। जबकि नाभिक के अन्दर स्थित न्यूट्रॉन उदासीन प्रकृति के होते हैं। अत: स्पष्ट है कि इलेक्ट्रॉन नाभिक के बाहर चक्कर लगाते हैं। अत: विकल्प (a) गलत है। इसके अतिरिक्त किसी तत्व की परमाणु संख्या, तत्व के नाभिक में उपस्थित प्रोटॉनों की संख्या के बराबर होती है। रेडियो आइसोटोप का प्रयोग चिकित्सा परमाणु इंधन एवं कार्बन डेटिंग के रूप में किया जाता है।