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Q: When the width of car parking space and the width of street are limited, generally preferred parking system is
  • A. parallel parking/समान्तर पार्किंग
  • B. 45º angle parking/45º कोण पार्किंग
  • C. 65º angle parking/65º कोण पार्किंग
  • D. 90º angle parking/90º कोण पार्किंग
Correct Answer: Option A - समान्तर पारकन(Parallel parking)– समान्तर पार्किंग में गाडि़याँ सड़क संरेखण के समान्तर खड़ी की जाती है। जब कर्ब तथा सड़क की चौड़ाई कम हो, तो समान्तर पारकन की जाती है, परन्तु इस स्थिति में गाड़ी को मोडने और पार्क करने में दिक्कत पड़ती है। समान्तर पारकन में 2.5 मीटर चौड़ी सड़क पट्टी की आश्यकता रहती है। कोणीय पारकन (Angle parking)–– कोणीय पारकन में 45º का कोण उत्तम रहता है। इसमें गाडी को पार्क करने में आसानी रहती है तथा कम स्थान में अधिक संख्या में गाडि़यॉ खड़ी की जा सकती है। लम्ब पारकन (perpendicular parking)– जब कर्ब (kerb) पट्टी की चौड़ाई पर्याप्त हो तो लम्ब पारकन अपनायी जाती हैं।
A. समान्तर पारकन(Parallel parking)– समान्तर पार्किंग में गाडि़याँ सड़क संरेखण के समान्तर खड़ी की जाती है। जब कर्ब तथा सड़क की चौड़ाई कम हो, तो समान्तर पारकन की जाती है, परन्तु इस स्थिति में गाड़ी को मोडने और पार्क करने में दिक्कत पड़ती है। समान्तर पारकन में 2.5 मीटर चौड़ी सड़क पट्टी की आश्यकता रहती है। कोणीय पारकन (Angle parking)–– कोणीय पारकन में 45º का कोण उत्तम रहता है। इसमें गाडी को पार्क करने में आसानी रहती है तथा कम स्थान में अधिक संख्या में गाडि़यॉ खड़ी की जा सकती है। लम्ब पारकन (perpendicular parking)– जब कर्ब (kerb) पट्टी की चौड़ाई पर्याप्त हो तो लम्ब पारकन अपनायी जाती हैं।

Explanations:

समान्तर पारकन(Parallel parking)– समान्तर पार्किंग में गाडि़याँ सड़क संरेखण के समान्तर खड़ी की जाती है। जब कर्ब तथा सड़क की चौड़ाई कम हो, तो समान्तर पारकन की जाती है, परन्तु इस स्थिति में गाड़ी को मोडने और पार्क करने में दिक्कत पड़ती है। समान्तर पारकन में 2.5 मीटर चौड़ी सड़क पट्टी की आश्यकता रहती है। कोणीय पारकन (Angle parking)–– कोणीय पारकन में 45º का कोण उत्तम रहता है। इसमें गाडी को पार्क करने में आसानी रहती है तथा कम स्थान में अधिक संख्या में गाडि़यॉ खड़ी की जा सकती है। लम्ब पारकन (perpendicular parking)– जब कर्ब (kerb) पट्टी की चौड़ाई पर्याप्त हो तो लम्ब पारकन अपनायी जाती हैं।