Correct Answer:
Option A - वर्ष 2018-19 में बिजली की उपलब्ध क्षमता 4757 मेगावाट थी जो 27.4% बढ़कर 2019–20 में 6073 मेगावाट हो गयी। बिजली की बढ़ी हुयी मांग को पूरा करने के लिए 2022–23 तक विभिन्न स्रोतों से 6607 मेगावाट की अतिरिक्त क्षमता चरणबद्ध ढंग से बढ़ाने की योजना सरकार बना रही है।
A. वर्ष 2018-19 में बिजली की उपलब्ध क्षमता 4757 मेगावाट थी जो 27.4% बढ़कर 2019–20 में 6073 मेगावाट हो गयी। बिजली की बढ़ी हुयी मांग को पूरा करने के लिए 2022–23 तक विभिन्न स्रोतों से 6607 मेगावाट की अतिरिक्त क्षमता चरणबद्ध ढंग से बढ़ाने की योजना सरकार बना रही है।