Correct Answer:
Option A - व्याख्या उपर्युक्त प्रसिद्ध काव्य पंक्ति गयाप्रसाद शुक्ल ‘सनेही’ द्वारा रचित है। इनके द्वारा रचित काव्य कृतियाँ हैं- कृषक क्रंदन, प्रेम पचीसी, राष्ट्रीय वीणा, त्रिशूल तरंग, करुणा, कादम्बिनी आदि।
A. व्याख्या उपर्युक्त प्रसिद्ध काव्य पंक्ति गयाप्रसाद शुक्ल ‘सनेही’ द्वारा रचित है। इनके द्वारा रचित काव्य कृतियाँ हैं- कृषक क्रंदन, प्रेम पचीसी, राष्ट्रीय वीणा, त्रिशूल तरंग, करुणा, कादम्बिनी आदि।