Explanations:
ब्रिटिश काल में भारतीय हस्तशिल्प उद्योग के पतन का कारण मशीन-निर्मित वस्तुओं से प्रतिस्पर्धा भारत में ब्रिटिश सरकार की दमनकारी नीतियाँ एवं भारतीय वस्तुओं पर अत्यधिक कर था। रेलवे के विकास ने ग्रामीण क्षेत्रों मे भी इंग्लैण्ड की वस्तुओं को पहुँचाना शुरू किया। हस्तशिल्प की वस्तुओं की कीमतें बढ़ गयीं और मशीन-निर्मित चीजें बाजार में सस्ती मिलने लगीं। अंग्रेजी शासन ने भारतीय कुटीर उद्योग एवं हस्तशिल्प के विनाश ने व्यापार सन्तुलन को नष्ट कर दिया। शिल्प एवं उद्योग में लगे हुए कारीगर शहर छोड़कर गाँवों में लौट गये और खेती करने को बाध्य हो गये।