Correct Answer:
Option B - ‘कालिला वा दिम्ना’ संस्कृत ग्रन्थ पंचतंत्र का अरबी अनुवाद है। पंचतंत्र की रचना विष्णुशर्मा ने की थी। इसका अरबी भाषा में अनुवाद इब्न अल-मुकाफा ने किया था तथा अकबर के शासनकाल में अबुल फजल ने पंचतंत्र का फारसी में अनुवाद कर उसका नाम ‘अनवर-ए-सुहैली रखा।
B. ‘कालिला वा दिम्ना’ संस्कृत ग्रन्थ पंचतंत्र का अरबी अनुवाद है। पंचतंत्र की रचना विष्णुशर्मा ने की थी। इसका अरबी भाषा में अनुवाद इब्न अल-मुकाफा ने किया था तथा अकबर के शासनकाल में अबुल फजल ने पंचतंत्र का फारसी में अनुवाद कर उसका नाम ‘अनवर-ए-सुहैली रखा।