Correct Answer:
Option C - तुलनपत्र को विवरण ऑफ वित्तीय स्थिति को (स्थिति विवरण) वित्तीय स्थिति विवरण भी कहते हैं। इसे एक ही तरीके से बनाया जाता है ताकि किसी भी निश्चित समय पर कंपनी की वित्तीय स्थिति का सही पता चल सके। यह विवरण दिखाता है कि कंपनी के पास कौन से सम्पत्ति है और क्या दायित्व है।
कम्पनी को जब निवेशकों से पैसे चाहिए होते हैं या कर्ज लेना होता है या टैक्स जमा करना होता है तब उसे तुलन पत्र की जरूरत पड़ती है।
(3) तुलन पत्र का समीकरण है। सम्पत्ति = दायित्व + पूँजी
(4) आर्थिक तुलन पत्र एक विवरण है यह एक निश्चित समय पर सम्पत्तियों एवं दायित्वों के बारे में बताता है। इसके बाये पक्ष में दायित्व एवं दाये पक्ष सम्पत्तियों को दिखाया जाता है।
(5) यह एक स्थिति विवरण है जो एक निश्चित तिथि को तैयार किया जाता है इसको बनाने से एक निश्चित तिथि पर कम्पनी की देनदारियाँ एवं दायित्व का पता चलता है।
C. तुलनपत्र को विवरण ऑफ वित्तीय स्थिति को (स्थिति विवरण) वित्तीय स्थिति विवरण भी कहते हैं। इसे एक ही तरीके से बनाया जाता है ताकि किसी भी निश्चित समय पर कंपनी की वित्तीय स्थिति का सही पता चल सके। यह विवरण दिखाता है कि कंपनी के पास कौन से सम्पत्ति है और क्या दायित्व है।
कम्पनी को जब निवेशकों से पैसे चाहिए होते हैं या कर्ज लेना होता है या टैक्स जमा करना होता है तब उसे तुलन पत्र की जरूरत पड़ती है।
(3) तुलन पत्र का समीकरण है। सम्पत्ति = दायित्व + पूँजी
(4) आर्थिक तुलन पत्र एक विवरण है यह एक निश्चित समय पर सम्पत्तियों एवं दायित्वों के बारे में बताता है। इसके बाये पक्ष में दायित्व एवं दाये पक्ष सम्पत्तियों को दिखाया जाता है।
(5) यह एक स्थिति विवरण है जो एक निश्चित तिथि को तैयार किया जाता है इसको बनाने से एक निश्चित तिथि पर कम्पनी की देनदारियाँ एवं दायित्व का पता चलता है।