Explanations:
दिसम्बर 2020 में भारत ने लद्दाख के ‘त्सो कर’ (Tso kar) आर्द्रभूमि क्षेत्र को अपने 42वें रामसर स्थल के रूप में शमिल किया है। वर्तमान में भारत में कुल रामसर स्थलों की संख्या 75 है। आर्द्र भूमि के संरक्षण के लिए 1971 में ईरान के रामसर में एक सम्मेलन आयोजित किया गया था इसके अन्तर्गत आने वाली दलदली भूमि को रामसर स्थल के रूप में जाना जाता है। रामसर स्थलों की अधिकतम संख्या तमिलनाडु (14) में है।