Correct Answer:
Option A - भवन निर्माण में संरचनात्मक उपांग दो प्रकार के होते है
(i) सम्पीडन उपांग (ii) तनन उपांग
(i) सम्पीडन उपांग (Compressive Member)- सम्पीडन उपांग किसी संरचना के वे सदस्य होते है जो इस पर पड़ने वाला अक्षीय सम्पीडन बल वहन करते है सम्पीडन उपांग में स्तम्भ तथा सम्पीडांग (Struts) दोनों सम्मिलित होते है।
(ii) तनन उपांग (Tension Member)- तनन उपांग किसी संरचना के वे उपांग होते है, जो सीधा तनन बल वहन करते हैं ऐसे उपांग को तनन उपांग कहते हैं।
A. भवन निर्माण में संरचनात्मक उपांग दो प्रकार के होते है
(i) सम्पीडन उपांग (ii) तनन उपांग
(i) सम्पीडन उपांग (Compressive Member)- सम्पीडन उपांग किसी संरचना के वे सदस्य होते है जो इस पर पड़ने वाला अक्षीय सम्पीडन बल वहन करते है सम्पीडन उपांग में स्तम्भ तथा सम्पीडांग (Struts) दोनों सम्मिलित होते है।
(ii) तनन उपांग (Tension Member)- तनन उपांग किसी संरचना के वे उपांग होते है, जो सीधा तनन बल वहन करते हैं ऐसे उपांग को तनन उपांग कहते हैं।