Correct Answer:
Option B - संवेगात्मक विकास की दृष्टि से बाल्यावस्था सर्वाधिक महत्वपूर्ण एवं अनोखा काल माना जाता है। बालक में मूल संवेगात्मक लक्षण (शर्म, गर्व, उत्साह आदि) का विकास इसी काल में होती है।
B. संवेगात्मक विकास की दृष्टि से बाल्यावस्था सर्वाधिक महत्वपूर्ण एवं अनोखा काल माना जाता है। बालक में मूल संवेगात्मक लक्षण (शर्म, गर्व, उत्साह आदि) का विकास इसी काल में होती है।