Explanations:
सुनने में असमर्थ बच्चा नियमित विद्यालय में बहुत अच्छा कर सकता है यदि उसे उपयुक्त सुविधा और साधन उपलब्ध कराये जाये। यह दो बातों की ओर संकेत करता है– पहला समावेशी शिक्षा की ओर जिसमें सामान्य एवं दिव्यांग छात्रों को एक ही विद्यालय में शिक्षा प्राप्ति के अवसर मिलने चाहिए तथा दूसरा यह कि शारीरिक अक्षमता वाले छात्रों में भी विशेष प्रकार की योग्यता व क्षमता होती है अगर इस बात पर ध्यान दिया जाये तो वे भी समाज के मुख्य धारा से जुड़ सकते हैं।