Correct Answer:
Option D - आर.एल.सिंह ने भारत के प्रदेशिक विभाजन के आधार तत्त्व के रूप में भूगर्भिक संरचना, भौतिक आकृति, अवस्थिति को लिया है। इस आधार पर इन्होंने भारत को 4 बृहत, 28 मध्यम, 67 प्रथम क्रमीय, 192 द्वितीय क्रमीय और 484 तृतीय क्रमीय प्रदेशों में विभाजित करने का प्रयास किया है।
D. आर.एल.सिंह ने भारत के प्रदेशिक विभाजन के आधार तत्त्व के रूप में भूगर्भिक संरचना, भौतिक आकृति, अवस्थिति को लिया है। इस आधार पर इन्होंने भारत को 4 बृहत, 28 मध्यम, 67 प्रथम क्रमीय, 192 द्वितीय क्रमीय और 484 तृतीय क्रमीय प्रदेशों में विभाजित करने का प्रयास किया है।