Correct Answer:
Option C - पश्चिमी हिन्दी की उत्पत्ति ‘शौरसेनी अपभ्रंश’ से हुई है। पश्चिमी हिन्दी के अन्तर्गत कौरवी, हरियाणवी, ब्रजभाषा, बुन्देली तथा कन्नौजी बोलियाँ आती हैं। मागधी अपभ्रंश से बिहारी हिन्दी तथा अर्धमागधी अपभ्रंश से पूर्वी का विकास हुआ है।
C. पश्चिमी हिन्दी की उत्पत्ति ‘शौरसेनी अपभ्रंश’ से हुई है। पश्चिमी हिन्दी के अन्तर्गत कौरवी, हरियाणवी, ब्रजभाषा, बुन्देली तथा कन्नौजी बोलियाँ आती हैं। मागधी अपभ्रंश से बिहारी हिन्दी तथा अर्धमागधी अपभ्रंश से पूर्वी का विकास हुआ है।