Correct Answer:
Option B - ‘‘शिलप्पादिकारम’’ तमिल भाषा का एक महाकाव्य है। इसे तमिल भाषा का पहला महाकाव्य माना जाता है। ‘‘शिलप्पादिकारम’’ की रचना चोल वंश के शासक सेन गुटडवन के भाई ‘इलांगो आडिगल’ ने ईसा की दूसरी-तीसरी शताब्दी में किया था। इस महाकाव्य में कन्नगी नाम की एक महिला की कहानी है, जो अपने पति केवलन की गलत फांसी के लिए न्याय चाहती है। इस महाकाव्य को ‘पायल की कहानी’ के नाम से भी जाना जाता है।
B. ‘‘शिलप्पादिकारम’’ तमिल भाषा का एक महाकाव्य है। इसे तमिल भाषा का पहला महाकाव्य माना जाता है। ‘‘शिलप्पादिकारम’’ की रचना चोल वंश के शासक सेन गुटडवन के भाई ‘इलांगो आडिगल’ ने ईसा की दूसरी-तीसरी शताब्दी में किया था। इस महाकाव्य में कन्नगी नाम की एक महिला की कहानी है, जो अपने पति केवलन की गलत फांसी के लिए न्याय चाहती है। इस महाकाव्य को ‘पायल की कहानी’ के नाम से भी जाना जाता है।