Correct Answer:
Option B - करतार सिंह सराभा भारत को अंग्रेजों की दासता से मुक्त कराने के लिए अमेरिका में बनी गदर पार्टी के सदस्य थे। भारत में एक बड़ी क्रान्ति की योजना के सिलसिले में उन्हें अंग्रेजी सरकार ने कई अन्य लोगों के साथ फांसी दे दी। 16 नवम्बर, 1915 ई. को लाहौर में करतार को जब फांसी पर चढ़ाया गया, तब वे मात्र उन्नीस वर्ष के थे।
B. करतार सिंह सराभा भारत को अंग्रेजों की दासता से मुक्त कराने के लिए अमेरिका में बनी गदर पार्टी के सदस्य थे। भारत में एक बड़ी क्रान्ति की योजना के सिलसिले में उन्हें अंग्रेजी सरकार ने कई अन्य लोगों के साथ फांसी दे दी। 16 नवम्बर, 1915 ई. को लाहौर में करतार को जब फांसी पर चढ़ाया गया, तब वे मात्र उन्नीस वर्ष के थे।