Correct Answer:
Option A - जलीय पारिस्थितिकी तंत्र (जैसे- तालाब) के जीव भार का पिरामिड उल्टा बनेगा क्योंकि इसमें प्राथमिक उत्पादकोंं (Phytoplanktons) की संख्या अधिक होते हुए भी भार कम होता है जबकि उच्च मांसाहारी (बड़ी मछलियां) जन्तुओं की संख्या कम होते हुए भी भार अधिक होता है। इस प्रकार उल्टे पिरामिड के आधार पर छोटे-छोटे हरे पौधोेंं (Phytoplanktons) तथा ऊपर के चौड़े भाग में बड़ी मछलियाँ होती हैं।
A. जलीय पारिस्थितिकी तंत्र (जैसे- तालाब) के जीव भार का पिरामिड उल्टा बनेगा क्योंकि इसमें प्राथमिक उत्पादकोंं (Phytoplanktons) की संख्या अधिक होते हुए भी भार कम होता है जबकि उच्च मांसाहारी (बड़ी मछलियां) जन्तुओं की संख्या कम होते हुए भी भार अधिक होता है। इस प्रकार उल्टे पिरामिड के आधार पर छोटे-छोटे हरे पौधोेंं (Phytoplanktons) तथा ऊपर के चौड़े भाग में बड़ी मछलियाँ होती हैं।