Correct Answer:
Option A - दिए गए विकल्पों में से रोमन गृह-देवी (4 वेस्टा) एक तारामण्डल नहीं है। यह सौरमण्डल के क्षुद्रग्रह घेरे में स्थित एक क्षुद्रग्रह है। यह सेरेस के बाद दूसरा सबसे बड़ा क्षुद्रग्रह है।
कन्या तारामण्डल राशिचक्र का तारामण्डल है इसके पूर्व में तुला तारामण्डल तथा पश्चिम में सिंह तारामण्डल होता है। इस तारामण्डल का सबसे चमकीला तारा ‘चित्रा’ है।
सप्तर्षि तारामण्डल को आकाश में सात तारों के समूह के रूप में फाल्गुन, चैत महीने से श्रावण-भाद्रपद महीने तक देखा जा सकता है। जलव्याल तारामण्डल में 75 तारे होते हैं।
A. दिए गए विकल्पों में से रोमन गृह-देवी (4 वेस्टा) एक तारामण्डल नहीं है। यह सौरमण्डल के क्षुद्रग्रह घेरे में स्थित एक क्षुद्रग्रह है। यह सेरेस के बाद दूसरा सबसे बड़ा क्षुद्रग्रह है।
कन्या तारामण्डल राशिचक्र का तारामण्डल है इसके पूर्व में तुला तारामण्डल तथा पश्चिम में सिंह तारामण्डल होता है। इस तारामण्डल का सबसे चमकीला तारा ‘चित्रा’ है।
सप्तर्षि तारामण्डल को आकाश में सात तारों के समूह के रूप में फाल्गुन, चैत महीने से श्रावण-भाद्रपद महीने तक देखा जा सकता है। जलव्याल तारामण्डल में 75 तारे होते हैं।