Correct Answer:
Option A - जीवन की कठिनाईयों को कम करने के लिए सार्थक श्रम करना चाहिए। अत: भाग्य कठिन परिश्रम का ही दूसरा नाम है। श्रम से ही आत्मीय सुख और शांति मिलती है तथा जो देश उन्नति या विकसित हुए हैं वहाँ के निवासियों का कठिन परिश्रम के कारण ही हुए हैं। अत: सार्थक श्रम अवश्य करना चाहिए।
A. जीवन की कठिनाईयों को कम करने के लिए सार्थक श्रम करना चाहिए। अत: भाग्य कठिन परिश्रम का ही दूसरा नाम है। श्रम से ही आत्मीय सुख और शांति मिलती है तथा जो देश उन्नति या विकसित हुए हैं वहाँ के निवासियों का कठिन परिश्रम के कारण ही हुए हैं। अत: सार्थक श्रम अवश्य करना चाहिए।