Q: निम्नलिखित गद्यांश को पढ़कर पूछे गए प्रश्नों के सही/सर्वाधिक उपयुक्त विकल्प का चयन कीजिए। (1-8) इस बार मौसम विज्ञानियों ने घोषणा की हुई है कि अल नीनो प्रभाव के कारण मानसून कमजोर रह सकता है। चैत के महीने में बारिश होने के हालात पर घाघ ने भी यही कहा है। चैत यानी मार्च-अप्रैल के दिनों में अगर बारिश होती है तो सावन सूखा जा सकता है। बात सिर्फ इस बार के मानसून की नहीं है। अमेरिका में हाल ही में ताजे पानी के हालात पर हुए एक सम्मेलन में संयुक्त राष्ट्र संघ के महासचिव एंटोनियो गुतेरेज ने एक रिपोर्ट जारी की है। इसमें कहा गया है कि 2050 तक पानी का सबसे बड़ा संकट भारत में आने वाला है। भारत पर संकट इसलिए है क्योंकि गंगा, यमुना, ब्रह्मपुत्र और सिंधु जैसी नदियों का पानी धीरे-धीरे कम होता जाएगा। सिर्फ गंगा की बात करें तो 2500 किलोमीटर लंबी यह नदी उत्तराखंड से बंगाल के बीच कई राज्यों से गुजरती है। इसके किनारों पर बसे महानगरों, कस्बों और गाँवों की करीब चालीस करोड़ की आबादी की पानी से जुड़ी जरूरतों को यह पूरा करती है। इसके पानी का स्रोत गंगोत्री ग्लेशियर है। पर्यावरण विज्ञानियों का दावा है कि पिछले 87 साल में तीन किलोमीटर लंबे इस ग्लेशियर का पौने दो किलोमीटर हिस्सा पिघलकर गायब हो चुका है। अभी जलवायु परिवर्तन का जो हाल है, वह पूरे हिमालय क्षेत्र के लिए खतरनाक माना जा रहा है। भारत के हिस्से वाले हिमालय में 9775 ग्लेशियर बताए जाते हैं। इनमें अकेले उत्तराखण्ड में 968 हैं। अब अगर इनके पिघलने की रफ्तार तेज होती जाती है तो क्या होगा? नदियों का पानी धीरे-धीरे कम होता जाएगा। वाक्य में रेखांकित पद हैं :
A.
विशेषण
B.
क्रिया
C.
क्रिया-विशेषण
D.
प्रविशेषण
Correct Answer:
Option C - नदियों का पानी धीरे-धीरे कम होता जाएगा वाक्य में रेखांकित पद क्रिया-विशेषण है।
C. नदियों का पानी धीरे-धीरे कम होता जाएगा वाक्य में रेखांकित पद क्रिया-विशेषण है।
Explanations:
नदियों का पानी धीरे-धीरे कम होता जाएगा वाक्य में रेखांकित पद क्रिया-विशेषण है।
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