Correct Answer:
Option B - ``न हि गणयति क्षुद्रो जन्तु: परिग्रहफल्गुताम'' नामक श्लोक में गणयति से तात्पर्य विचारने से है। अर्थात् क्षुद्र जन फल प्राप्ति में विचार नहीं करते, उनका एकमात्र उद्देश्य फल प्राप्त करना है।
B. ``न हि गणयति क्षुद्रो जन्तु: परिग्रहफल्गुताम'' नामक श्लोक में गणयति से तात्पर्य विचारने से है। अर्थात् क्षुद्र जन फल प्राप्ति में विचार नहीं करते, उनका एकमात्र उद्देश्य फल प्राप्त करना है।