Correct Answer:
Option C - ‘मोदोत्सव:’ इत्यत्र सन्धिविच्छेद: करणीय: सन्धेर्नामापि कथयितव्यम् – मोद + उत्सव: · गुणसन्धि अर्थात् ‘मोदोत्सव:’ इसका सन्धि विच्छेद मोद + उत्सव: तथा सन्धि नाम गुण सन्धि होगा।
गुण सन्धि सूत्र · आदगुण:
यदि अ/आ के बाद इ/ई, उ/ऊ, ऋ/ऋृ तथा ऌ आवे तो उन दोनों के स्थान पर एक आदेश हो जाता था जो गुण सन्धि कहलाता है।
गुण सन्धि के उदाहरण –
उप + इन्द्र: · उपेन्द्र:
गङ्गा + उदकम् · गङ्गोदकम्
तव + ऌकार: · तवल्कार:
C. ‘मोदोत्सव:’ इत्यत्र सन्धिविच्छेद: करणीय: सन्धेर्नामापि कथयितव्यम् – मोद + उत्सव: · गुणसन्धि अर्थात् ‘मोदोत्सव:’ इसका सन्धि विच्छेद मोद + उत्सव: तथा सन्धि नाम गुण सन्धि होगा।
गुण सन्धि सूत्र · आदगुण:
यदि अ/आ के बाद इ/ई, उ/ऊ, ऋ/ऋृ तथा ऌ आवे तो उन दोनों के स्थान पर एक आदेश हो जाता था जो गुण सन्धि कहलाता है।
गुण सन्धि के उदाहरण –
उप + इन्द्र: · उपेन्द्र:
गङ्गा + उदकम् · गङ्गोदकम्
तव + ऌकार: · तवल्कार: