Correct Answer:
Option D - मनुष्य की वैयक्तिक भिन्नता वंशानुक्रम एवं वातावरण की अंतर्क्रिया पर आधारित होती है वैयक्तिक भिन्नता का तात्पर्य व्यक्ति की सोच, विचार एवं उनके कार्यो की भिन्नता से होती है। समान वातावरण में रहने वाले व्यक्ति में भी भिन्नता देखने को मिलती है तथा वंशानुक्रम के अनुसार व्यक्ति में भिन्नता होना सर्व स्वीकार्य है अत: वंशानुक्रम एवं वातावरण में अन्तर्क्रिया के द्वारा वैयक्तिक भिन्नता का निर्धारण किया जा सकता है।
D. मनुष्य की वैयक्तिक भिन्नता वंशानुक्रम एवं वातावरण की अंतर्क्रिया पर आधारित होती है वैयक्तिक भिन्नता का तात्पर्य व्यक्ति की सोच, विचार एवं उनके कार्यो की भिन्नता से होती है। समान वातावरण में रहने वाले व्यक्ति में भी भिन्नता देखने को मिलती है तथा वंशानुक्रम के अनुसार व्यक्ति में भिन्नता होना सर्व स्वीकार्य है अत: वंशानुक्रम एवं वातावरण में अन्तर्क्रिया के द्वारा वैयक्तिक भिन्नता का निर्धारण किया जा सकता है।