Explanations:
अवतल दर्पण के सामने खड़े एक व्यक्ति को अपना प्रतिबिम्ब अपने से बड़ा लगता है। अवतल दर्पण में वस्तु का प्रतिबिम्ब उल्टा एवं वस्तु से बड़ा बनता है। इसका उपयोग शेविंग मिरर के रूप में, सौर भट्ठी में, टार्च में, दंतरोग विशेषज्ञों व नाक-कान-गला रोग विशेषज्ञों द्वारा तथा सर्च लाइट तथा गाडि़यों के हेडलाइट आदि में करते हैं।