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Q: किस आन्दोलन के प्रभाव में आकर, बिहार के लोगों ने ‘चौकीदारी कर’ देने से इंकार कर दिया था?
  • A. असहयोग आन्दोलन
  • B. सविनय अवज्ञा आन्दोलन
  • C. भारत छोड़ो आन्दोलन
  • D. उपर्युक्त में से एक से अधिक
Correct Answer: Option B - अप्रैल 1930 में गाँधी जी द्वारा चलाए गए ‘सविनय अवज्ञा आन्दोलन’ के प्रभाव व समर्थन में बिहार के लोगों ने ‘चौकीदारी कर’ देने से इंकार कर दिया था। इसी क्रम में दरभंगा, समस्तीपुर, सारण, चम्पारण, पूर्णिया, मुंगेर, पटना सहित अन्य जिलों में ‘चौकीदारी कर’ बंदी को एक आंदोलन के रूप में चलाया गया। सविनय अवज्ञा आंदोलन के समय ही गाँधी जी के ‘नमक कानून’ तोड़ने से प्रभावित होकर कुछ नेताओं ने चंपारण और सारण जिलों में नमकीन मिट्टी से नमक बनाकर नमक कानून का उल्लंघन किया था।
B. अप्रैल 1930 में गाँधी जी द्वारा चलाए गए ‘सविनय अवज्ञा आन्दोलन’ के प्रभाव व समर्थन में बिहार के लोगों ने ‘चौकीदारी कर’ देने से इंकार कर दिया था। इसी क्रम में दरभंगा, समस्तीपुर, सारण, चम्पारण, पूर्णिया, मुंगेर, पटना सहित अन्य जिलों में ‘चौकीदारी कर’ बंदी को एक आंदोलन के रूप में चलाया गया। सविनय अवज्ञा आंदोलन के समय ही गाँधी जी के ‘नमक कानून’ तोड़ने से प्रभावित होकर कुछ नेताओं ने चंपारण और सारण जिलों में नमकीन मिट्टी से नमक बनाकर नमक कानून का उल्लंघन किया था।

Explanations:

अप्रैल 1930 में गाँधी जी द्वारा चलाए गए ‘सविनय अवज्ञा आन्दोलन’ के प्रभाव व समर्थन में बिहार के लोगों ने ‘चौकीदारी कर’ देने से इंकार कर दिया था। इसी क्रम में दरभंगा, समस्तीपुर, सारण, चम्पारण, पूर्णिया, मुंगेर, पटना सहित अन्य जिलों में ‘चौकीदारी कर’ बंदी को एक आंदोलन के रूप में चलाया गया। सविनय अवज्ञा आंदोलन के समय ही गाँधी जी के ‘नमक कानून’ तोड़ने से प्रभावित होकर कुछ नेताओं ने चंपारण और सारण जिलों में नमकीन मिट्टी से नमक बनाकर नमक कानून का उल्लंघन किया था।