Correct Answer:
Option B - वस्त्र निर्माण करते समय करघे पर धागों को तानकर उससे बुनाई करते समय अनेक क्रियाएँ करनी पड़ती हैं। यह क्रियाएँ एक दूसरे के बाद की जाती हैं तथा इन्हें निरन्तर दुहराया जाता है। ये क्रियाएँ निम्नलिखित हैं - (1) शेडिंग (2) पिकिंग (3) बेटनिंग (4) लपेटना व छोड़ना।
कपड़ा बुनाई की प्रक्रिया में बाने का भरने की क्रिया को ‘पिकिंग’ कहा जाता है। यह प्रक्रिया लूम (करघा) पर की जाती है, जहाँ शटल या अन्य उपकरण के द्वारा बाने के धागे को ताने के धागे के बीच से गुजारा जाता है।
B. वस्त्र निर्माण करते समय करघे पर धागों को तानकर उससे बुनाई करते समय अनेक क्रियाएँ करनी पड़ती हैं। यह क्रियाएँ एक दूसरे के बाद की जाती हैं तथा इन्हें निरन्तर दुहराया जाता है। ये क्रियाएँ निम्नलिखित हैं - (1) शेडिंग (2) पिकिंग (3) बेटनिंग (4) लपेटना व छोड़ना।
कपड़ा बुनाई की प्रक्रिया में बाने का भरने की क्रिया को ‘पिकिंग’ कहा जाता है। यह प्रक्रिया लूम (करघा) पर की जाती है, जहाँ शटल या अन्य उपकरण के द्वारा बाने के धागे को ताने के धागे के बीच से गुजारा जाता है।