Correct Answer:
Option D - कालिदास ने अभिज्ञान शाकुन्तलम् में 24 प्रकार के छंदों का प्रयोग किया है। अभिज्ञान शाकुन्तलम् महाकवि कालिदास का विश्वविख्यात नाटक है। इसमें राजा दुष्यंत तथा शकुंतला के प्रणय, विवाह, विरह, प्रत्याख्यान तथा पुनर्मिलन की सुंदर कहानी है। यह 7 अंकों में है। इसका अङ्गी रस शृंगार है और ‘आर्या’ छंद प्रमुख छंद है। अभिज्ञानशाकुन्तलम् में कुल श्लोकों की संख्या 196 है।
D. कालिदास ने अभिज्ञान शाकुन्तलम् में 24 प्रकार के छंदों का प्रयोग किया है। अभिज्ञान शाकुन्तलम् महाकवि कालिदास का विश्वविख्यात नाटक है। इसमें राजा दुष्यंत तथा शकुंतला के प्रणय, विवाह, विरह, प्रत्याख्यान तथा पुनर्मिलन की सुंदर कहानी है। यह 7 अंकों में है। इसका अङ्गी रस शृंगार है और ‘आर्या’ छंद प्रमुख छंद है। अभिज्ञानशाकुन्तलम् में कुल श्लोकों की संख्या 196 है।