Correct Answer:
Option C - जहाँगीर कला का अच्छा पारखी था और चित्र को देखकर वह समझ जाता था कि किस कलाकार का चित्र है।
जहाँगीर काल में कला अपने चरर्मोत्कर्ष पर थी। इस समय के प्रमुख कलाकार- फारुखवेग (हिरात देश), अकारिजा तथा उसका पुत्र अबुल हसन (ईरानी चित्रकार), मोहम्मद नादिर, मुराद ये सभी विदेशी कलाकार थे। भारतीय कलाकारों में बिसनदास, गोवर्धन, मनोहर, दौलत, तुलसी, माधो, मिस्किन, मंसूर आदि थे।
C. जहाँगीर कला का अच्छा पारखी था और चित्र को देखकर वह समझ जाता था कि किस कलाकार का चित्र है।
जहाँगीर काल में कला अपने चरर्मोत्कर्ष पर थी। इस समय के प्रमुख कलाकार- फारुखवेग (हिरात देश), अकारिजा तथा उसका पुत्र अबुल हसन (ईरानी चित्रकार), मोहम्मद नादिर, मुराद ये सभी विदेशी कलाकार थे। भारतीय कलाकारों में बिसनदास, गोवर्धन, मनोहर, दौलत, तुलसी, माधो, मिस्किन, मंसूर आदि थे।