Explanations:
जैसा कि भारतीय संविधान की प्रस्तावना में उल्लिखित है भारत एक सम्पूर्ण प्रभुत्व सम्पन्न समाजवादी, पंथनिरपेक्ष तथा लोकतन्त्रात्मक गणराज्य है। प्रस्तावना भारतीय संविधान के उद्देश्य तथा स्वरूप को जानने की कुंजी है। के. एम. मुन्शी ने इसे ‘संविधान की आत्मा’ कहा है।