Correct Answer:
Option B - राजकोषीय घाटा─ राजकोषीय घाटा राजस्व प्राप्तियों, अनुदानों तथा गैर ऋण पूँजीगत प्राप्तियों के ऊपर सरकार के कुल व्यय (राजस्व तथा पूँजीगत व्यय जिसमें उधार दिये गये शुद्ध ऋणों की राशि भी सम्मिलित होती है) का अतिरेक है।
राजकोषीय घाटा = बजट व्यय (राजस्व व्यय + पूँजीगत व्यय) – उधार छोड़कर बजट प्राप्तियाँ (राजस्व प्राप्तियाँ + उधार छोड़कर पूँजीगत प्राप्तियाँ)।
B. राजकोषीय घाटा─ राजकोषीय घाटा राजस्व प्राप्तियों, अनुदानों तथा गैर ऋण पूँजीगत प्राप्तियों के ऊपर सरकार के कुल व्यय (राजस्व तथा पूँजीगत व्यय जिसमें उधार दिये गये शुद्ध ऋणों की राशि भी सम्मिलित होती है) का अतिरेक है।
राजकोषीय घाटा = बजट व्यय (राजस्व व्यय + पूँजीगत व्यय) – उधार छोड़कर बजट प्राप्तियाँ (राजस्व प्राप्तियाँ + उधार छोड़कर पूँजीगत प्राप्तियाँ)।