Correct Answer:
Option D - ■ भारत में 2.4 से कम विशिष्ट गुरूत्व वाले पत्थरों को इमारतों के लिए अनुपयुक्त माना जाता है।
■ आपेक्षिक गुरुत्व (Specific gravity), पत्थर के भार को प्रदर्शित करता है। अधिकतर पत्थरों का विशिष्ट गुरुत्व 2.4 से 2.8 के बीच होता है।
■ एक खोखले तथा खुली बनावट के जैसे बलुआ पत्थर का आपेक्षिक गुरुत्व 2.4 होता है।
■ एक रन्ध्रमय पत्थर का विशिष्ट गुरुत्व भार 2.4 या इससे कम होता है।
D. ■ भारत में 2.4 से कम विशिष्ट गुरूत्व वाले पत्थरों को इमारतों के लिए अनुपयुक्त माना जाता है।
■ आपेक्षिक गुरुत्व (Specific gravity), पत्थर के भार को प्रदर्शित करता है। अधिकतर पत्थरों का विशिष्ट गुरुत्व 2.4 से 2.8 के बीच होता है।
■ एक खोखले तथा खुली बनावट के जैसे बलुआ पत्थर का आपेक्षिक गुरुत्व 2.4 होता है।
■ एक रन्ध्रमय पत्थर का विशिष्ट गुरुत्व भार 2.4 या इससे कम होता है।