Explanations:
उत्तराखण्ड का जड़ी–बूटी विकास एवं अनुसंधान संस्थान गोपेश्वर में स्थित है। हर्बल शोध संस्थान की स्थापना वर्ष 1989 में हुई थी। • उत्तराखण्ड की सरकार ने दुर्लभ और लुप्तप्राय स्वदेशी औषधीय पौधों की प्रजातियों के संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए चमोली में एक हर्बल संग्रहालय की स्थापना की है।