Correct Answer:
Option C - ‘गुरुता-महता-लघुता’ तल् प्रत्यय के मूल प्रत्यय से निष्पन्न हैं। तल् प्रत्ययान्त शब्द स्त्रीलिंग में प्रयुक्त होते हैं। स्त्रीत्व के बोधन के लिए टाप् (आ) प्रत्यय होने पर शब्द अकारान्त बन जाता है। यथा–ग्रामता (ग्रामों का समूह), गुरुता, महता, लघुता आदि।
C. ‘गुरुता-महता-लघुता’ तल् प्रत्यय के मूल प्रत्यय से निष्पन्न हैं। तल् प्रत्ययान्त शब्द स्त्रीलिंग में प्रयुक्त होते हैं। स्त्रीत्व के बोधन के लिए टाप् (आ) प्रत्यय होने पर शब्द अकारान्त बन जाता है। यथा–ग्रामता (ग्रामों का समूह), गुरुता, महता, लघुता आदि।