Correct Answer:
Option B - गौतम बुद्ध को बोधगया में ज्ञान की प्राप्ति हुयी थी। गौतम बुद्ध का जन्म 563 ई.पू. में कपिलवस्तु के निकट लुम्बिनी में हुआ था। जन्म के 7वें दिन माता का देहावसान हो गया। अत: इनकी मौसी प्रजापति गौतमी ने इनका पालन पोषण किया। 29 वर्ष की अवस्था में उन्होंने गृह त्याग दिया। बौद्ध ग्रन्थों में इस घटना को महाभिनिष्क्रमण कहा गया है। छ: वर्ष तक घोर तपस्या के पश्चात् 35 वर्ष की आयु में वैशाख पूर्णिमा की एक रात पीपल वृक्ष के नीचे निरंजना (फल्गू) नदी के तट पर सिद्धार्थ को ज्ञान प्राप्त हुआ। ज्ञान प्राप्ति के बाद गौतम बुद्ध के नाम से प्रसिद्ध हुए।
B. गौतम बुद्ध को बोधगया में ज्ञान की प्राप्ति हुयी थी। गौतम बुद्ध का जन्म 563 ई.पू. में कपिलवस्तु के निकट लुम्बिनी में हुआ था। जन्म के 7वें दिन माता का देहावसान हो गया। अत: इनकी मौसी प्रजापति गौतमी ने इनका पालन पोषण किया। 29 वर्ष की अवस्था में उन्होंने गृह त्याग दिया। बौद्ध ग्रन्थों में इस घटना को महाभिनिष्क्रमण कहा गया है। छ: वर्ष तक घोर तपस्या के पश्चात् 35 वर्ष की आयु में वैशाख पूर्णिमा की एक रात पीपल वृक्ष के नीचे निरंजना (फल्गू) नदी के तट पर सिद्धार्थ को ज्ञान प्राप्त हुआ। ज्ञान प्राप्ति के बाद गौतम बुद्ध के नाम से प्रसिद्ध हुए।