Correct Answer:
Option D - बिरसा मुंडा एक आदिवासी नेता थे जो मुंडा जाति से सम्बन्धित थे। रांची और सिंहभूम के आदिवासी बिरसा मुंडा को ‘भगवान’ मानकर याद करते हैं। यही इनका कार्य क्षेत्र भी था। इन्होंने 1893 से 1900 के बीच मुंडा विद्रोह का नेतृत्व किया। यह विद्रोह मुण्डों की पारंपरिक भूमि व्यवस्था खूँटकट्टी या मुंडारा का जमींदारी या व्यक्तिगत भू-स्वामित्व वाली भूमि व्यवस्था में परिवर्तन के विरुद्ध था। बिरसा मुण्डा को ‘उल्गुलान’ (महान हलचल) और इनके विद्रोह को ‘उल्गुलन’ (महाविद्रोह) के नाम से जाना गया।
D. बिरसा मुंडा एक आदिवासी नेता थे जो मुंडा जाति से सम्बन्धित थे। रांची और सिंहभूम के आदिवासी बिरसा मुंडा को ‘भगवान’ मानकर याद करते हैं। यही इनका कार्य क्षेत्र भी था। इन्होंने 1893 से 1900 के बीच मुंडा विद्रोह का नेतृत्व किया। यह विद्रोह मुण्डों की पारंपरिक भूमि व्यवस्था खूँटकट्टी या मुंडारा का जमींदारी या व्यक्तिगत भू-स्वामित्व वाली भूमि व्यवस्था में परिवर्तन के विरुद्ध था। बिरसा मुण्डा को ‘उल्गुलान’ (महान हलचल) और इनके विद्रोह को ‘उल्गुलन’ (महाविद्रोह) के नाम से जाना गया।