Correct Answer:
Option D - भास की रचना प्रतिमानाटकम् है जबकि विक्रमोवर्शीय नाटक ‘कालिदास का’, मृच्छाकटिकम् नाटक शूद्रक का तथा रत्नावली ‘हर्षवर्धन’ कृत नाट्य ग्रंथ है।
D. भास की रचना प्रतिमानाटकम् है जबकि विक्रमोवर्शीय नाटक ‘कालिदास का’, मृच्छाकटिकम् नाटक शूद्रक का तथा रत्नावली ‘हर्षवर्धन’ कृत नाट्य ग्रंथ है।