Correct Answer:
Option B - भारतीय साहित्य शास्त्र में रस निष्पत्ति सिद्धान्त भरतमुनि नामक साहित्याचार्य की स्थापना है। भरतमुनि के अनुसार, विभाव, अनुभाव, और व्यभिचारी भाव के संयोग से रस की निष्पत्ति होती है– ‘‘विभावानुभाव व्यभिचारी संयोगाद्रस निष्पत्ति:।’’
B. भारतीय साहित्य शास्त्र में रस निष्पत्ति सिद्धान्त भरतमुनि नामक साहित्याचार्य की स्थापना है। भरतमुनि के अनुसार, विभाव, अनुभाव, और व्यभिचारी भाव के संयोग से रस की निष्पत्ति होती है– ‘‘विभावानुभाव व्यभिचारी संयोगाद्रस निष्पत्ति:।’’