Explanations:
बैंक दर से अभिप्राय केन्द्रीय बैंक द्वारा अन्य बैकों को दिये गये ऋणों पर लिये जाने वाले ब्याज की दर से है अर्थात बैंक दर वह दर है जिस दर पर देश का केन्द्रीय बैंक अपने सदस्य बैंकों के बिलों की पुर्नकटौती करता है अथवा प्रथम श्रेणी की प्रतिभूतियों की आड़ में उधार देता है। यह केंद्रीय बैंक द्वारा ली जाने वाली आधिकारिक ब्याज दर है। R.B.I. Act, 1934 के Section–49 के अन्तर्गत बैंक दर को परिभाषित करते हुए कहा गया है कि बैंक दर, वह दर होती है जिस दर पर R.B.I. बैंकों को उधार देती है।