Correct Answer:
Option A - ``अर्थो हि कन्या परकीय एव'' यह उक्ति शकुन्तला के लिए कही गई है। जिसका अर्थ है - कन्या तो पराया ही धन होता है। अत: उसे उसके पति के पास भेजना ही होता है। ऋषि कण्व दो शिष्यों के साथ शकुन्तला को राजा के पास भेजते हैं। शकुन्तला वृक्षों, लताओं, पशु-पक्षियों, सखियों और पिता कण्व से विदाई लेकर हस्तिनापुर के लिए चल पड़ती है। प्रस्तुत उक्ति विदाई के अवसर पर ऋषि कण्व द्वारा कहा गया।
A. ``अर्थो हि कन्या परकीय एव'' यह उक्ति शकुन्तला के लिए कही गई है। जिसका अर्थ है - कन्या तो पराया ही धन होता है। अत: उसे उसके पति के पास भेजना ही होता है। ऋषि कण्व दो शिष्यों के साथ शकुन्तला को राजा के पास भेजते हैं। शकुन्तला वृक्षों, लताओं, पशु-पक्षियों, सखियों और पिता कण्व से विदाई लेकर हस्तिनापुर के लिए चल पड़ती है। प्रस्तुत उक्ति विदाई के अवसर पर ऋषि कण्व द्वारा कहा गया।