Correct Answer:
Option B - `आत्मबोध' नामक ग्रंथ की रचना नाथ सम्प्रदाय के प्रवर्तक गुरु गोरखनाथ ने की है। गोरखनाथ की अन्य रचनाओं में गुरु महिमा, इन्द्रिय निग्रह, प्राण साधना, वैराग्य, कुण्डलिनी जागरण एवं शून्य समाधि प्रमुख हैं। पीताम्बर दत्त बडथ्वाल ने गोरखनाथ की रचनाओं का संकलन `गोरखबानी' नाम से किया है।
B. `आत्मबोध' नामक ग्रंथ की रचना नाथ सम्प्रदाय के प्रवर्तक गुरु गोरखनाथ ने की है। गोरखनाथ की अन्य रचनाओं में गुरु महिमा, इन्द्रिय निग्रह, प्राण साधना, वैराग्य, कुण्डलिनी जागरण एवं शून्य समाधि प्रमुख हैं। पीताम्बर दत्त बडथ्वाल ने गोरखनाथ की रचनाओं का संकलन `गोरखबानी' नाम से किया है।