Correct Answer:
Option B - जेंडर या लैंगिकता एक सामाजिक संरचना है। समाज की संरचना पुरुष और स्त्रियों से मिलकर बनती है। ये परस्पर क्रिया और प्रतिक्रिया करके सामाजिक व्यवस्था का निर्माण करते हैं। समाज की परम्परा के अनुसार प्रत्येक स्त्री पुरुष की निश्चित प्रस्थिति और भूमिकाएँ होती हैं। ये प्रस्थिति और भूमिकाएँ समाज की परम्परा के अनुसार लिंगभेद पर आधारित होती हैं तथा असमान होती हैं। इसीलिए इसे लैंगिक रूढि़बद्धता से जोड़कर देखा जाता है जो किसी भी समाज की गतिहीनता को दर्शाता है।
B. जेंडर या लैंगिकता एक सामाजिक संरचना है। समाज की संरचना पुरुष और स्त्रियों से मिलकर बनती है। ये परस्पर क्रिया और प्रतिक्रिया करके सामाजिक व्यवस्था का निर्माण करते हैं। समाज की परम्परा के अनुसार प्रत्येक स्त्री पुरुष की निश्चित प्रस्थिति और भूमिकाएँ होती हैं। ये प्रस्थिति और भूमिकाएँ समाज की परम्परा के अनुसार लिंगभेद पर आधारित होती हैं तथा असमान होती हैं। इसीलिए इसे लैंगिक रूढि़बद्धता से जोड़कर देखा जाता है जो किसी भी समाज की गतिहीनता को दर्शाता है।