search
Q: .
  • A. द्विग
  • B. द्वन्द्व
  • C. कर्मधारय
  • D. बहुव्रीहि
Correct Answer: Option D - जिस समास में कोई पद प्रधान नहीं होता तथा दोनों पद मिलकर किसी तीसरे पद की प्रधानता की ओर संकेत करते हैं, वहाँ बहुव्रीहि समास होता है जैसे– लम्बोदर – लंबा है उदर (पेट) जिसका अर्थात् गणेश चतुर्भुज – चार है भुजाएं जिसकी अर्थात् विष्णु पंकज – पंक (कीचड़) में पैदा हो जो अर्थात् कमल घनश्याम – घन के समान श्याम है जो अर्थात् कृष्ण
D. जिस समास में कोई पद प्रधान नहीं होता तथा दोनों पद मिलकर किसी तीसरे पद की प्रधानता की ओर संकेत करते हैं, वहाँ बहुव्रीहि समास होता है जैसे– लम्बोदर – लंबा है उदर (पेट) जिसका अर्थात् गणेश चतुर्भुज – चार है भुजाएं जिसकी अर्थात् विष्णु पंकज – पंक (कीचड़) में पैदा हो जो अर्थात् कमल घनश्याम – घन के समान श्याम है जो अर्थात् कृष्ण

Explanations:

जिस समास में कोई पद प्रधान नहीं होता तथा दोनों पद मिलकर किसी तीसरे पद की प्रधानता की ओर संकेत करते हैं, वहाँ बहुव्रीहि समास होता है जैसे– लम्बोदर – लंबा है उदर (पेट) जिसका अर्थात् गणेश चतुर्भुज – चार है भुजाएं जिसकी अर्थात् विष्णु पंकज – पंक (कीचड़) में पैदा हो जो अर्थात् कमल घनश्याम – घन के समान श्याम है जो अर्थात् कृष्ण