Correct Answer:
Option D - `यथोचितम्' अत्र सन्धिविच्छेदं यथा + उचितम् सन्धेर्नाम गुणसन्धि: अस्ति अर्थात् यथोचितम् इस शब्द का सन्धि- विच्छेद यथा + उचितम् है तथा सन्धि का नाम गुणसन्धि है।
गुण सन्धि का सूत्र – आदगुण :
यदि अ/आ के बाद ह्रस्व/दीर्घ इ, उ, ऋ, ऌ हो तो पूर्व और पर (बाद वाला) वर्णों के स्थान पर क्रमश: `ए, ओ, अर्, अल्' आदेश हो जाता है।
यथा– गण + ईश: = गणेश:
रमा + ईश: = रमेश:
D. `यथोचितम्' अत्र सन्धिविच्छेदं यथा + उचितम् सन्धेर्नाम गुणसन्धि: अस्ति अर्थात् यथोचितम् इस शब्द का सन्धि- विच्छेद यथा + उचितम् है तथा सन्धि का नाम गुणसन्धि है।
गुण सन्धि का सूत्र – आदगुण :
यदि अ/आ के बाद ह्रस्व/दीर्घ इ, उ, ऋ, ऌ हो तो पूर्व और पर (बाद वाला) वर्णों के स्थान पर क्रमश: `ए, ओ, अर्, अल्' आदेश हो जाता है।
यथा– गण + ईश: = गणेश:
रमा + ईश: = रमेश: