Correct Answer:
Option D - स्थायी सन्तुलन (Stable equilibrium):- निमज्जित पिण्ड (Submerged body) निकाय के स्थिर संतुलन की अवस्था में निकाय का भार उत्प्लावन बल के बराबर होता है और उत्प्लावन केन्द्र गुरूत्व केन्द्र से ऊपर होता है
अस्थायी संतुलन (Unstable equilibrium):- जब किसी वस्तु को उसकी संतुलन अवस्था से थोड़ा सा विस्थापित करके छोड़ने पर पुन: संतुलन की अवस्था में न आये तो इसे अस्थायी संतुलन कहते है। इस स्थिति में उत्प्लावन केन्द्र गुरूत्व केंद्र के नीचे होता है।
उदासीन संतुलन (Neutral Equilibrium):- जब किसी वस्तु को उसकी संतुलनावस्था से थोड़ा विस्थापित करके छोड़ने पर अपनी पूर्व (पुरानी) अवस्था में आने का प्रयास न करके, एक नई स्थिति में ही संतुलित हो जाए तो वह वस्तु उदासीन संतुलन में होगी। इस स्थिति में उत्प्लावन केन्द्र गुरूत्व केन्द्र के संपाती होता है।
D. स्थायी सन्तुलन (Stable equilibrium):- निमज्जित पिण्ड (Submerged body) निकाय के स्थिर संतुलन की अवस्था में निकाय का भार उत्प्लावन बल के बराबर होता है और उत्प्लावन केन्द्र गुरूत्व केन्द्र से ऊपर होता है
अस्थायी संतुलन (Unstable equilibrium):- जब किसी वस्तु को उसकी संतुलन अवस्था से थोड़ा सा विस्थापित करके छोड़ने पर पुन: संतुलन की अवस्था में न आये तो इसे अस्थायी संतुलन कहते है। इस स्थिति में उत्प्लावन केन्द्र गुरूत्व केंद्र के नीचे होता है।
उदासीन संतुलन (Neutral Equilibrium):- जब किसी वस्तु को उसकी संतुलनावस्था से थोड़ा विस्थापित करके छोड़ने पर अपनी पूर्व (पुरानी) अवस्था में आने का प्रयास न करके, एक नई स्थिति में ही संतुलित हो जाए तो वह वस्तु उदासीन संतुलन में होगी। इस स्थिति में उत्प्लावन केन्द्र गुरूत्व केन्द्र के संपाती होता है।