Correct Answer:
Option C - ऊँट को रेगिस्तान का जहाज कहा जाता है। ऊँट रेगिस्तान में कई दिनों तक बिना पानी के भी जीवित रह सकता है। यह अपने अमाशय में स्थित विशेष थैलियों में पानी संचित कर लेता है। रेगिस्तान में ऊँट समान पहुँचाने तथा यातायात के साधन के रूप में बहुत उपयोगी होते हैं। ऊँट के पैर लम्बे तथा गद्दीदार होते हैं। इसके पैरों के ये लक्षण उसे मरूस्थल की रेतीली भूमि पर मीलो चलने अथवा दौड़ने में सहायता करते है इसलिए इसे रेगिस्तान का जहाज कहा जाता है।
C. ऊँट को रेगिस्तान का जहाज कहा जाता है। ऊँट रेगिस्तान में कई दिनों तक बिना पानी के भी जीवित रह सकता है। यह अपने अमाशय में स्थित विशेष थैलियों में पानी संचित कर लेता है। रेगिस्तान में ऊँट समान पहुँचाने तथा यातायात के साधन के रूप में बहुत उपयोगी होते हैं। ऊँट के पैर लम्बे तथा गद्दीदार होते हैं। इसके पैरों के ये लक्षण उसे मरूस्थल की रेतीली भूमि पर मीलो चलने अथवा दौड़ने में सहायता करते है इसलिए इसे रेगिस्तान का जहाज कहा जाता है।