search
Q: .
  • A. गंगामल विद्यालय इंटर कॉलेज
  • B. छंगामल विद्यालय इंटर कॉलेज
  • C. वैधजी विद्यालय इंटर कॉलेज
  • D. रंगनाथ विद्यालय इंटर कॉलेज
Correct Answer: Option B - राग दरबारी’ में वर्णित शिवपालगंज में स्थित कॉलेज का नाम ‘छंगामल विद्यालय इंटर कॉलेज’ है। ⇒ रागदरबारी 1968 ई. में प्रकाशित श्रीलाल शुक्ल का व्यंग्य प्रधान उपन्यास है। उत्तरप्रदेश के गाँव शिवपालगंज को केन्द्र में रखकर इसका कथानक बुना गया है। शिवपालगंज के इंटर कॉलेज के माध्यम से देश के गाँवों में व्याप्त सरकारी भ्रष्टाचार, अवसरवाद, कुत्सित राजनीति, छल-प्रपंच, मूल्यहीनता और नैतिक पतन का यथार्थ चित्रण किया गया है। रागदरबारी उपन्यास के पात्र:- वैद्यजी, रंगनाथ, प्रिसिंपल साहब, मोतीराम, रुप्पन, बद्री, छोटे, लंगड़, सनीचर, दरोगाजी, खन्ना, जोगनाथ।
B. राग दरबारी’ में वर्णित शिवपालगंज में स्थित कॉलेज का नाम ‘छंगामल विद्यालय इंटर कॉलेज’ है। ⇒ रागदरबारी 1968 ई. में प्रकाशित श्रीलाल शुक्ल का व्यंग्य प्रधान उपन्यास है। उत्तरप्रदेश के गाँव शिवपालगंज को केन्द्र में रखकर इसका कथानक बुना गया है। शिवपालगंज के इंटर कॉलेज के माध्यम से देश के गाँवों में व्याप्त सरकारी भ्रष्टाचार, अवसरवाद, कुत्सित राजनीति, छल-प्रपंच, मूल्यहीनता और नैतिक पतन का यथार्थ चित्रण किया गया है। रागदरबारी उपन्यास के पात्र:- वैद्यजी, रंगनाथ, प्रिसिंपल साहब, मोतीराम, रुप्पन, बद्री, छोटे, लंगड़, सनीचर, दरोगाजी, खन्ना, जोगनाथ।

Explanations:

राग दरबारी’ में वर्णित शिवपालगंज में स्थित कॉलेज का नाम ‘छंगामल विद्यालय इंटर कॉलेज’ है। ⇒ रागदरबारी 1968 ई. में प्रकाशित श्रीलाल शुक्ल का व्यंग्य प्रधान उपन्यास है। उत्तरप्रदेश के गाँव शिवपालगंज को केन्द्र में रखकर इसका कथानक बुना गया है। शिवपालगंज के इंटर कॉलेज के माध्यम से देश के गाँवों में व्याप्त सरकारी भ्रष्टाचार, अवसरवाद, कुत्सित राजनीति, छल-प्रपंच, मूल्यहीनता और नैतिक पतन का यथार्थ चित्रण किया गया है। रागदरबारी उपन्यास के पात्र:- वैद्यजी, रंगनाथ, प्रिसिंपल साहब, मोतीराम, रुप्पन, बद्री, छोटे, लंगड़, सनीचर, दरोगाजी, खन्ना, जोगनाथ।