Correct Answer:
Option A - ‘सहर’ का अर्थ सुबह है। कविता में उद्धत है। चल कश्ती उठा, सागर में उतर। है रात अँधेरी फिक्र है क्या एक दिन आएगी अपनी सहर
A. ‘सहर’ का अर्थ सुबह है। कविता में उद्धत है। चल कश्ती उठा, सागर में उतर। है रात अँधेरी फिक्र है क्या एक दिन आएगी अपनी सहर